
रेल बजट में मध्य प्रदेश और खासकर मालवा क्षेत्र को इस साल सौगातें मिलेगी। सिंहस्थ को देखते हुए मेला स्पेशल ट्रेनें तो चलाई जाएगी। साथ में आसपास के पचास किलोमीटर क्षेत्र के रेलवे स्टेशनों पर भी सुविधाएं बढ़ाई जाएगी। मध्य प्रदेश को पांच जोड़ी वंदे भारत ट्रेन मिलेगी। इसमें दो ट्रेनें इंदौर को मिल सकती है।
मध्य प्रदेश में रेलवे के विस्तार पर बजट में विशेष ध्यान दिया गया है। इंदौर- बुधनी, इंदौर-दाहोद और इंदौर-मनमाड़ रेल लाइन के लिए भी राशि का आवंटन किया गया है। मध्य प्रदेश में 1.18 लाख करोड़ रूपए की विभिन्न परियोजनाओं में काम कार्य चल रहा है। अमृत स्टेशन योजना के तहत मध्य प्रदेश के 80 रेलवे स्टेशनों को रूपये 3 हजार करोड़ की लागत से पुनर्विकसित किया जा रहा है। मध्य प्रदेश में रेलवे ट्रैक पर 1283 फ्लाईओवर और रोड अण्डर ब्रिज का निर्माण किया गया है।
सांसद शंकर लालवानी ने कहा कि मध्य प्रदेश में विभिन्न जिलों को कवर करते हुए पांच जोड़ी वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेनें एवं चार अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें संचालित की जा रही हैं। मध्य प्रदेश के लिए यह रेल बजट राज्य के सामाजिक और आर्थिक विकास के साथ-साथ यात्री सुविधाओं में भी वृद्धि होगी।
रेलवे ने पश्चिम बंगाल के डंकुनी से गुजरात के सूरत तक एक नए समर्पित मालवाहक कॉरिडोर का प्रस्ताव किया गया है, जो ओडिशा, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र से होकर गुजरेगा। दो हजार किमी लंबा यह कॉरिडोर मौजूदा पश्चिमी मालवाहक कॉरिडोर से जुड़ेगा। जिससे पश्चिमी तट के बंदरगाहों तक माल की बिना किसी रुकावट के आवाजाही हो सकेगी। पश्चिम रेलवे का रतलाम मंडल गुजरात और राजस्थान दोनों राज्यों को सीधे जोड़ता है। इस कारण इन दोनों राज्यों में होने वाले विकास कार्यों का फायदा रतलाम मंडल को भी मिलेगा।



